धनिया की खेती Coriander Farming अक्टूबर में करें ये खेती मात्र 2 महीने में होगी 12 लाख की कमाई

Spread the love
  • 2
    Shares

Advertisement

चलिये बात करते हैं धनिया पत्ती धनिया की खेती कैसे करेंगे । धनिया पत्ती जो है उसके सूखे बीज तो बारह महीने डिमाण्ड में रहते हैं लेकिन इसकी पत्तियां और मुलायम तने की चटनी और सूप व सलाद को स्वादिष्ट बनाने के लिए काफी ज्यादा इस्तेमाल किया जाता है।इसकी पत्तियों में Vitamin K प्रचुर मात्रा में पाया जाता है।

Advertisement
धनिया की खेती

इसमें 11.2 प्रतिशत नमी और 14.1 प्रतिशत प्रोटीन के साथ 16.2 प्रतिशत वसा पाया जाता है। वहीं 21.6 प्रतिशत कार्बोहाइड्रेट पाया जाता है और 3.6 प्रतिशत रेस्त्रां एवं खनिज कैल्सियम फास्फोरस और लोहा पाया जाता है । इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए 12 महीने इसकी डिमांड मार्किट में बनी रहती है और इसके प्राइस ऊपर नीचे होते रहते हैं ।आज की डेट में मंडी में धनिया पत्ती 200 से 250 रुपए प्रति किलो बिक रही है। यदि आप भी इसकी थोड़ी बहुत खेती करेंगे तो आपकी भी इनकम अच्छी हो जाएगी ।

धनिया की खेती के जलवायु

बात करें जलवायु की तो धनिया की खेती के लिए सुस्त बार ठंडे मौसम अच्छे उत्पादन के लिए माने गए हैं । बीजों के अंकुरण के लिए 25 से 30 डिग्री सेंटीग्रेड तापमान अच्छा रहता है .जहां तापमान अधिक नहीं हो और वर्षा का वितरण ठीक हो वहां धनिया की खेती भी सफलता पूर्वक की जा सकती है ।

धनिया की खेती के लिए मिट्टी

बात करते हैं मिट्टी कैसी होनी चाहिए। धनिया के सिंचित फसल के लिए अच्छी जल निकासी वाली अच्छी दोमट भूमि सबसे अधिक उपयुक्त मानी गई है तथा सिंचित फसल के लिए काली भारी भूमि अच्छी होती है । धनिया छारी एवम लवणीय भूमि को सहन नहीं करता है अर्थात्‌ जल निकास एवं उर्वरा शक्ति वाले दोमट या मटियारी दोमट भूमि उपयुक्त होती है । मिट्टी का पीएच मान 6.5 से लेकर 7.5 के बीच में होना चाहिए ।

पीलीभीत जिलाधिकारी Pulkit Khare किसान मसीहा बन उभरे , सोशल मीडिया पर केवल उन्हीं की है चर्चा

धनिया की खेती के लिए खेत की तैयारी

बात करें खेत की तैयारी कैसे करेंगे तो सिंचित क्षेत्र में अगर जुताई के समय भूमि में पर्याप्त जल न हो तो भूमि की तैयारी पलेवा देकर करनी चाहिए जिससे जमीन में जुताई के समय ढेले भी नहीं बनेंगे तथा खरपतवार के जो बीज हैं वह भी अंकुरित नहीं हो पाएंगे । लगभग तीन से चार बार अच्छी तरीके से जुताई कर ट्रैक्टर की पंजे की सहायता से कल्टीवेटर चलवाए, हैरो चलवाए।

उसे तीन चार बार मिट्टी को अच्छे से पलट लीजिए ताकि बीज को अच्छे से बोया जा सके। फिर उसमें क्यारी बना लीजिए ।क्यारियां पंजे किस आयतन के बना सकते हैं तो आपको बता दें कि ट्रेक्टर का जो हैरो होता है उसके पंजा के समान बनवा सकते हैं।

धनिया की खेती

धनिया की खेती के लिए किस्मों का चयन

अब बात करते हैं किस्में कौन कौन सी हैं अगर आपको खाली धनिया की पत्ती बेचनी है तो अलग किस्म लगानी होगी और अगर पत्ती और बीज दोनों के लिए खेती करनी है तो उसकी किस्में अलग होगी ।

तो चलिए सबसे पहले बात कर लेते हैं कि यदि आप धनिया पत्ती के लिए खेती कर रहे हैं तो उसके लिए कौनसी किस्में होगी तो उसके लिए आप RCR 41 , गुजरात धनियां 2 और आरसीआर 43 किस्में ऐसी हैं जो पत्तों से संबंधित होती है । इसके अलावा और भी बहुत सी ऐसी किस्में हैं जो मार्केट में उपलब्ध हैं । अलग अलग कंपनियों के हाइब्रिड में भी उपलब्ध हैं लोकल में भी ऐसी कई किस्में आती है।

अब यदि बीज के लिए बो रहे हैं तो वो किस्मों के नाम भी बता देते हैं । RCR 20 ,Swati,Sadhna ,राजेंद्र सिंह,AC 287 आदि ऐसी प्रमुख किस्में हैं जो बीजों के लिए बोई जाती है ।

इसके बाद में दोनों तरह की किस्में बोना चाहते हैं कि पहले तो पत्ती मिल जाए । पत्ती काटते रहे । बाद में हम बीजों के लिए उसे छोड़ दें तो उसके लिए भी ये किस्में हैं पूसा ,चयन 360 ये ऐसी किस्में हैं जो लंबी अवधि की होती हैं । पत्तों की तीन चार कटाई करने के बाद आप बीज पकने के लिए छोड़ दीजिए तो आपके लिए ये पत्ती की फसल भी दे देगी और बीज की फसल भी दे देगी ।

अब आपके लिए इनमें से कोई सी भी किस्म का अगर बीज़ नहीं मिलता है तो आप कृषि विभाग से मिले सकते हैं। सस्ते दामों पर अच्छी क्वालिटी के बीज मिल जाते हैं । मार्किट में भी बहुत सारी कंपनियों के बीज उपलब्ध हैं आप उन्हें लाकर बुआई कर सकते हैं ।

धनिया की खेती

धनिया की खेती के बुआई का सही समय

अब बात करते हैं बुआई का समय क्या होना चाहिए तो धनिया की फसल बोने का सबसे उपयुक्त समय 5 अक्टूबर से लेकर 15 नवंबर के बीच में कभी भी बुवाई कर सकते हैं और यदि आपके यहां पर सितम्बर महीने में मौसम साफ हो जाते हैं तो आप सितंबर में भी बुवाई कर सकते हैं नहीं तो अक्टूबर महीने में आपके काम चालू हो जाएंगे क्योंकि सितंबर अक्टूबर और नवंबर महीने में धनिया बहोत ही उछाल पर रहता है और बहुत महंगा भी बिकता है ।

बहुत से किसान भाई तो जुलाई अगस्त में बो देते हैं और बारिश से बचाने के लिए पेड़ों पर लगाते हैं मेड़ पर लगाते हैं तो वह उनका सितम्बर अक्टूबर में लाखों की इनकम कर लेते हैं तो आपको भी अपनी आँखे मंडी के भाव पर रखकर देखें सबसे ज्यादा कब बिकता है उससे 45 दिन पहले बुवाई करेंगे तो आपकी भी इनकम उनकी तरह लाखों में पहुंचेगी ।

धनिया की खेती के लिए बीज की मात्रा

बात करें बीज दर कितनी होनी चाहिए तो सिंचित अवस्था में 15 से 20 किलोग्राम प्रति हैक्टेयर बीज लगता है । असिंचित अवस्था में 25 से 35 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर बीज की आवश्यकता होती है । इसके अलावा भी ये किसान के ऊपर भी निर्भर करता है कि वो किस तरह की पद्धति अपना रहे हैं । मशीन से बुआई करवा रहे हैं या हाथों से लगा रहे हैं या फिर छिटक विधि इस्तमाल कर रहे हैं तो जैसी जिसकी विधि होगी उसके अनुसार उसके बीज की मात्रा भी कम और अधिक हो सकती है ।

धनिया की खेती में बीजोपचार कैसे करें

बात करें बीजोपचार की तो ये पॉइंट सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण हैं । आप कोई सी भी फसल करें बीज को बिना उपचारित किये हुए ना बोएं क्योंकि बीज को उपचारित करने के बाद फसल में रोग सहिष्णुता बढ़ जाती है यानी रोग या वायरस लगने के चांसेस खत्म हो जाते हैं और हम क्या करते हैं बीजों को बिना उपचारित करते ही बो देते हैं । फिर फसल में कई तरह के रोग वायरस लगते हैं तो फिर हमारे जो लागत आती है वो बढ़ जाती है तो जो परेशानी बाद में आए उसको पहले ही खतम कर दिए जाए तो बैस्ट रहता है ।

धनिया की खेती में रोगों से बचाव

भूमि एवं बीज जनित रोगों से बचाव के लिए आप क्या करेंगे । कार्बन डाय रिजीम प्लस दायरा 2.5 1 का 3 ग्राम प्रति किलोग्राम या फिर कार्बन डाई इंजिन 37.5 प्रतिशत । प्लस दायरा 37.5 प्रतिशत 3 ग्राम प्रति किलोग्राम प्लस ट्राइकोडर्मा बेड़ी 5 ग्राम प्रति किलोग्राम बीज की दर से उपचारित कर लीजिए ।

धनिया की खेती के लिए बुआई की विधि

बात करें बुआई की विधि क्या होनी चाहिए तो बोने के पहले धनियां बीज को सावधानी पूर्वक हल्का रगड़कर बीजों को दो भागों में तोड़कर दाल बना लेनी चाहिए । मार्केट से बीज ला रहे वो ऑलरेडी दाल है तो फिर तोड़ने फोड़ने की जरूरत नहीं है । घर पर देसी धनिया इस्तमाल कर रहे हैं या फिर पहले का आइब्रोज जाता हुआ है दाल नहीं है तो उसको खोल लीजिए । यदि आप से पत्तियों के लिए खेती कर रहे हैं तो फिर आप छिटक विधि का इस्तेमाल करें । यदि बीज से बीज की डिस्टेंस भी यदि ज्यादा पास है वो बहुत ही कमजोर रहता है।

पोधे से पोधे के बीच डिस्टेंस कम से कम तीन से चार सेंटीमीटर का तो होना चाहिए । पौधे से पौधे में या दो से तीन सेंटीमीटर का डिस्टेंस रखें ताकि एक पौधे को अच्छे से फलने फूलने की जगह मिले स तो वह अच्छा बन सके ।

धनिया की खेती    Coriander Farming
Coriander Farming

धनिया की खेती में खाद

अब बात करें खाद एवं उर्वरक की तो धनिया की अच्छी पैदावार लेने के लिए गोबर की खाद 20 टन प्रति हेक्टेयर के साथ असिंचित फसल के लिए 40 किलोग्राम नाइट्रोजन, 40 किलोग्राम स्फुर, 20 किलोग्राम पोटास, 20 किलोग्राम सल्फर प्रति हेक्टेयर की दर से देना चाहिए और यदि सिंचित अवस्था में बात करें सिंचित वाले यानी सिंचाई वाले खेत हैं तो 60 किलोग्राम नाइट्रोजन 40 किलोग्राम स्फुर 20 किलोग्राम पोटास 20 किलोग्राम सल्फर प्रति हेक्टेयर की दर से देना चाहिए ।

लेकिन यदि आप धनिया पत्ती के लिए फसल कर रहे हैं तो ऊपर से उस पर नाइट्रोजन या यूरिया खाद मत देना । अन्यथा आपके फसल पीली पड़ेगी नष्ट होगी । उसका फिर कोई इलाज नहीं है क्योकि आज के टाइम में जो यूरिया का देह को धनिया पत्ती के ऊपर ऊपर से नुकसान कर रहा है या तो हो सकता है मौसम का परिवर्तन की वजह से समस्या चल रही हो या फिर बीज का सही चुनाव नहीं किया गया हो जो हमने लाइव रिजल्ट देखे हैं वो आपके साथ शेयर कर रहे हैं ।

धनिया की खेती में सिंचाई

बात करें सिंचाई प्रबंधन की तो धनिया में पहली सिचाई 30 से 35 दिन बाद जब पट्टी बनने की अवस्था हो दूसरी सिंचाई 50 से 60 दिन बाद जब साधन निकलने की अवस्था हो । इस समय यदि आप इस मौसम को ध्यान में रखते हुए या समय अवधि को ध्यान में रखते सिचाई करेंगे तो आपका काम अच्छे से बनेगा ।

धनिया की खेती में खरपतवार प्रबंधन

अब बात करते हैं खरपतवार प्रबंधन की तो धनिया फसल में खरपतवार की अवधि 35 से 40 दिन हैं । इस अवधि में खरपतवारों की निदाई नहीं करने पर धनिया की उपज 40 से 45 प्रतिशत कम हो जाती है तो आपके लिए कम से कम दो से तीन बार निंदाई गुड़ाई करवानी चाहिए और यदि आप जैविक खेती कर रहे हैं तो किसी भी खरपतवार नाशक का इस्तमाल ना करें तो बेहतर रहेगा ।

If You Like This information Follow us on

Facebook https://www.facebook.com/khetikare/

Instagram https://www.instagram.com/khetikare/?hl=en

Twitter https://twitter.com/KareKheti


Spread the love
  • 2
    Shares

One Comment

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *